मुरूमसिल्ली : एशिया का पहला सायफन डैम, बारिश में और भी बढ़ जाती ही खूबसूरती

Updated on 02-09-2026 05:22 PM

धमतरी, पर्यटन की दृष्टि से छत्तीसगढ़ में कई ऐसे जगह हैं, जो आज पिकनिट स्पॉट के तौर पर मशहूर हैं। बस्तर से लेकर अंबिकापुर तक यहां कई मशहूर जलप्रपात हैं, जो पर्यटकों को अपनी ओर अनायास की आकर्षित करते हैं। इसमें बस्तर का तीरथगढ़ और चित्रकोट जलप्रपात की ख्याति तो देश-विदेशों तक है। चित्रकोट जलप्रपात वैसे तो हर मौसम में दर्शनीय है, लेकिन बारिश के दिनों में इसे देखना अधिक रोमांचकारी अनुभव होता है।  

वहीं धमतरी जिले की बात करें तो यहां गंगरेल बांध, दुधावा जलाशय, मुरुमसिल्ली और सोंढूर जलाशय है। सभी जलाशयों की अपनी एक अलग ही विशेषता है। बारिश के समय यहां पर्यटकों की भरमार रहती है। इनमें भी मुरुमसिल्ली जलाशय की अपनी एक अलग ही विशेषता है।  मुरुमसिल्ली बांध सिलयारी नदी पर स्थित है। आपको बता दें कि सिलयारी नदी छत्तीसगढ़ की प्रमुख नदी महानदी की एक सहायक नदी है।

ऑटोमेटिक सायफन सिस्टम

मुरुमसिल्ली एशिया का पहला ऐसा बाँध है जिसमें ऑटोमेटिक सायफन सिस्टम (Siphon System) का उपयोग किया गया है। यानी बाँध में पानी एक निश्चित स्तर तक पहुँचने पर इसके गेट अपने आप खुल जाते हैं और अतिरिक्त पानी बाहर निकल जाता है।

100 साल बाद भी वैसा ही मजबूत

1914 से 1923 के बीच निर्मित यह बांध चारों तरफ घने पेड़ों से आच्छादित होने के कारण आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। 100 साल की उम्र बीत जाने के बाद भी इस बांध की मजबूती में कोई फर्क नहीं आया है, और आज भी इनके सभी गेट चालू हालत में हैं। बारिश के मौसम में बांध लबालब होते ही ऑटोमेटिक सायफन गेट से पानी निकलना शुरू हो जाता है। 

ब्रिटिश शासनकाल के दौरान यहाँ एक महिला अंग्रेज़ इंजीनियर 'मैडम सिल्ली' थीं, जिनके नाम पर इस बाँध का नाम 'मैडम सिल्ली' (माडमसिल्ली) पड़ा, जिसे स्थानीय बोलचाल में मुरुमसिल्ली कहा जाता है।

मुरुमसिल्ली कैसे पहुंचे

सड़क मार्ग से

मुरुमसिल्ली बांध तक पहुंचने के लिए आप सड़क मार्ग का उपयोग कर सकते हैं। राजधानी रायपुर से यह 95 किलोमीटर दूर सीधे सड़क मार्ग से जुड़ा हुआ है।

हवाई यात्रा से

यदि आप छत्तीसगढ़ के बाहर से आना चाहते हैं तो सबसे नजदीक एयरपोर्ट आपको माना (रायपुर) में स्थित एयरपोर्ट मिलेगा। यहां से आप प्राइवेट कार, टैक्सी लेकर मुरुमसिल्ली बांध जा सकते हैं।

ट्रेन मार्ग से

धमतरी से जिले से 25 किलो मीटर की दूरी पर स्थित मुरुमसिल्ली बांध तक पहुंचने के लिए आप रेलवे का भी सहारा ले सकते हैं। यहां राजधानी रायपुर तक के लिए रेल सेवा उपलब्ध है।



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