'पूर्वोत्तरी राज्य बन सकेंगे विकास के शक्तिशाली इंजन'
बता दें कि जापान उस क्वाड (Quad) का भी सदस्य है, जिसमें उसके अलावा भारत, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया भी सदस्य हैं, जिनका खास फोकस हिंद-प्रशांत क्षेत्र में आपसी हितों को मजबूत करने के लिए काम करना है। इवाओ के मुताबिक, पूर्वोत्तरी राज्यों को जब दक्षिण-पूर्व एशिया, बांग्लादेश और नेपाल के साथ वाले ग्रिड के साथ तालमेल बिठाया जाएगा, तो ये 'विकास के एक शक्तिशाली इंजन' के रूप में काम कर सकते हैं।जापानी मंत्री के अनुसार 'इस क्षेत्र को जब हम नेपाल, भारत, भूटान, बांग्लादेश और दक्षिण पूर्व एशिया को मिलाकर एक बड़े आर्थिक भू-भाग के रूप में देखते हैं, तो यह इसमें विकास के शक्तिशाली इंजन के तौर पर काम आने वाली महत्वपूर्ण क्षमता नजर आती है।'



